बुखार (Fever): आमतौर पर इसका क्या मतलब होता है
इन नामों से भी खोजा जाता है: bukhar, बुखार, तेज़ बुखार, ठंड लगकर बुखार, temperature aana · अपडेट 13 सितंबर 2026 · केवल जानकारी के लिए — चिकित्सा सलाह नहीं
संक्षेप में: बुखार का मतलब है कि आपके शरीर का तापमान सामान्य से ज़्यादा है, आमतौर पर इसलिए कि आपका इम्यून सिस्टम किसी इन्फेक्शन से लड़ रहा है। बड़ों में ज़्यादातर बुखार आम वायरल बीमारियों से होते हैं और आराम व तरल पदार्थों के साथ कुछ दिनों में उतर जाते हैं। ज़्यादातर स्वस्थ बड़ों के लिए बुखार अपने आप में खतरनाक नहीं है, लेकिन बहुत ज़्यादा तापमान, कई दिनों तक बना रहने वाला बुखार, या जिसके साथ गंभीर लक्षण हों, उसमें ज़्यादा गंभीर इन्फेक्शन को खारिज करने के लिए जल्दी डॉक्टरी जांच ज़रूरी है।
इन हालात में तुरंत डॉक्टर को दिखाएं
बड़ों में 103°F (39.4°C) से ऊपर बुखार, या तीन महीने से छोटे शिशु में किसी भी तरह का बुखार — जल्दी डॉक्टरी इलाज चाहिए।
तीन दिन से ज़्यादा बिना सुधार के बना रहने वाला बुखार डॉक्टर से जंचवाना चाहिए।
गर्दन में अकड़न, तेज़ सिरदर्द, चकत्तों या भ्रम की स्थिति के साथ बुखार — तुरंत इमरजेंसी में जाएं।
बुखार के साथ सांस लेने में दिक्कत, लगातार उल्टी, या पेट में तेज़ दर्द हो तो तुरंत इलाज ज़रूरी है।
किसी पुरानी बीमारी वाले या कमज़ोर इम्यून सिस्टम वाले व्यक्ति को बुखार हो तो देर किए बिना जंचवाना चाहिए।
आम कारण
- वायरल इन्फेक्शन — सर्दी-जुकाम, फ्लू और दूसरी वायरल बीमारियां बड़ों और बच्चों में बुखार की सबसे आम वजह हैं।
- बैक्टीरियल इन्फेक्शन — पेशाब की नली या गले के इन्फेक्शन जैसे संक्रमण बुखार ला सकते हैं और अक्सर इनके लिए खास इलाज चाहिए होता है।
- सूजन वाली स्थितियां — कुछ ऑटोइम्यून या सूजन वाली स्थितियां बार-बार लौटने वाला या लगातार बना रहने वाला हल्का बुखार पैदा कर सकती हैं।
- गर्मी का असर — गर्म मौसम या तेज़ कसरत से शरीर ज़्यादा गर्म होकर कुछ समय के लिए तापमान बढ़ा सकता है।
- टीके के बाद की प्रतिक्रिया — कुछ टीकों के बाद हल्का और थोड़ी देर रहने वाला बुखार इम्यून सिस्टम की सामान्य प्रतिक्रिया है।
क्या राहत देता है
- आराम करें और पानी की कमी से बचने के लिए खूब तरल पदार्थ पिएं।
- हल्के कपड़े पहनें और कमरे का तापमान आरामदेह रखें, ज़्यादा गर्मी न होने दें।
- अगर बेचैनी लगे तो गुनगुने पानी से स्पंज करने जैसे बुखार घटाने वाले उपाय अपनाएं।
- अपना तापमान नापते रहें और नए या बढ़ते लक्षणों पर नज़र रखें।
किस डॉक्टर को दिखाएं
जांच और टेस्ट के लिए शुरुआत अपने फैमिली डॉक्टर से करें; बच्चों के लिए पीडियाट्रिशियन सही पहला पड़ाव है।
कारणों के बारे में और पढ़ें
लोग अक्सर पूछते हैं
क्या हल्के बुखार को अपने आप उतरने देना ठीक है?
हां, स्वस्थ बड़ों में हल्का बुखार अक्सर शरीर को इन्फेक्शन से लड़ने में मदद करता है और आप आराम करते हुए व पानी पीते हुए उसे अपने आप उतरने दे सकते हैं। बुखार घटाने वाली दवा आराम पाने में मदद कर सकती है, लेकिन हल्के बुखार में हमेशा ज़रूरी नहीं होती।
कितना तापमान तेज़ बुखार माना जाता है?
बड़ों में 103°F (39.4°C) से ऊपर का तापमान आमतौर पर तेज़ माना जाता है और डॉक्टरी ध्यान के लायक होता है, खासकर अगर वह सामान्य उपायों से न उतरे। बहुत छोटे शिशु को किसी भी तरह का बुखार हो तो उसे हमेशा जल्दी डॉक्टर से जंचवाना चाहिए।
मिलते-जुलते लक्षण
यह गाइड जानकारी के लिए है और डॉक्टर की जांच की जगह नहीं ले सकती। अगर कोई लक्षण गंभीर हो, तेज़ी से बढ़ रहा हो, या आपको चिंता हो रही हो, तो डॉक्टर को दिखाएं — जांच करा लेना और तसल्ली पा लेना कभी बेकार नहीं जाता।